वाराणसी जल्द ही देश के पहले अर्बन ट्रांसपोर्ट के रूप में इस्तेमाल होने वाले रोपवे प्रोजेक्ट का गवाह बनने जा रहा है। वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पुलकित गर्ग ने जानकारी दी कि रोपवे को लेकर फैलाई जा रही भ्रांतियां पूरी तरह निराधार हैं। यह अत्याधुनिक परियोजना वाराणसी के नागरिकों को एक सुरक्षित, तेज़ और सुविधाजनक परिवहन प्रणाली देने के लिए तैयार है।
पुलकित गर्ग के अनुसार, रोपवे सिस्टम पूरी तरह से उन्नत मैकेनिकल और स्वचालित तकनीक पर आधारित है। इसमें उपयोग किए जाने वाले गोंडोला (कैबिन) पूरी तरह स्वचालित होंगे। यात्रियों के लिए इसके दरवाजे और अन्य सिस्टम को मैन्युअली ऑपरेट करने की अनुमति नहीं होगी, जिससे सुरक्षा के उच्चतम मानक सुनिश्चित किए जा सकेंगे।
वाराणसी में यह प्रोजेक्ट ट्रैफिक जाम को कम करने, पर्यावरणीय प्रभाव घटाने और पर्यटन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का बड़ा कदम है। यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “नए भारत – नए इंफ्रास्ट्रक्चर” विजन के अनुरूप शहरी विकास की दिशा में एक मील का पत्थर मानी जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि रोपवे का यह मॉडल देश के अन्य शहरों के लिए भी एक मिसाल बनेगा। काशीवासियों को जल्द ही इस अत्याधुनिक और अनूठे अर्बन ट्रांसपोर्ट सिस्टम का अनुभव मिलेगा

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