सीतापुर। उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने वन्य जीव तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अंतर्राज्यीय गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से रोजरिंग प्रजाति के 803 प्रतिबंधित तोते बरामद किए गए हैं, जिन्हें अमानवीय तरीके से पिंजरों और झोलों में ठूंसकर रखा गया था।
गिरफ्तार आरोपी
गिरफ्तार तस्कर की पहचान शिवम पुत्र स्व. पप्पू, निवासी कांशीराम कॉलोनी, खैराबाद (जनपद सीतापुर) के रूप में हुई है।
क्या-क्या हुआ बरामद?
08 पिंजरे
07 झोलों में भरे 803 तोते (रोजरिंग प्रजाति)
कैसे हुई कार्रवाई?
28 मार्च 2026 को STF को सूचना मिली कि एक तस्कर भारी मात्रा में संरक्षित पक्षियों को लेकर खैराबाद से दिल्ली जाने वाला है।
सूचना के आधार पर अपर पुलिस अधीक्षक अवनीश्वर चन्द्र श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में टीम गठित की गई।
उपनिरीक्षक फैजूद्दीन सिद्दीकी के नेतृत्व में STF, वन विभाग और वन्य जीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो की संयुक्त टीम ने शांतिनगर कजियारा (थाना खैराबाद) में छापेमारी कर आरोपी को दबोच लिया।
पूछताछ में बड़े खुलासे
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि:
वह लंबे समय से पक्षियों के व्यापार में शामिल था
कम मुनाफे के कारण प्रतिबंधित पक्षियों की तस्करी शुरू की
पक्षी लखीमपुर खीरी, रामपुर और पीलीभीत के जंगलों से लाए जाते थे
इन्हें यूपी, बिहार और पश्चिम बंगाल में ऊंची कीमत पर बेचा जाता था
कानूनी कार्रवाई
आरोपी के खिलाफ थाना खैराबाद में वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
महत्वपूर्ण जानकारी
रोजरिंग (तोता) प्रजाति भारत में संरक्षित है।
इनका व्यापार, खरीद-बिक्री या कैद में रखना कानूनन अपराध है।
निष्कर्ष
STF की इस कार्रवाई से न केवल एक बड़े तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है, बल्कि सैकड़ों बेजुबान पक्षियों को भी बचाया गया है। यह कार्रवाई वन्य जीव संरक्षण की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।

More Stories
लैंडिंग से ठीक पहले सनकी हरकत, पायलट की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा
नक्तेश्वरी माता मंदिर में होली मिलन समारोह: अजय राय का हुआ भव्य स्वागत, मिशन 2027 का लिया संकल्प
एडीआरएम ने एडवांस सिग्नल प्रणाली को कराया दुरुस्त, 5 घंटे तक मौके पर रहे