ट्रेंडिंग | Up वाराणसी

सरदार पटेल सहकारी डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (SPCDF) द्वारा राष्ट्रीय दुग्ध दिवस का उत्सव

Vivek Kumar

Wed, Nov 26, 2025

6 Views
सरदार पटेल सहकारी डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (SPCDF) द्वारा राष्ट्रीय दुग्ध दिवस का उत्सव

वाराणसी। राष्ट्रीय दुग्ध दिवस के अवसर पर 26 नवम्बर 2025 को सरदार पटेल सहकारी डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (SPCDF – An Amul Venture) द्वारा भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह दिवस श्वेत क्रांति के जनक और भारत के डेयरी विकास के शिल्पकार डॉ. वर्गीस कुरियन की जयंती के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. कुरियन की प्रतिमा/चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके अमूल्य योगदान को नमन करने के साथ हुई।

कार्यक्रम में विशेषज्ञों, दुग्ध उत्पादकों, महिलाओं और युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। वक्ताओं ने कहा कि डॉ. कुरियन ने सहकारिता पर आधारित 'अमूल मॉडल' के माध्यम से देश के करोड़ों किसानों को आर्थिक सशक्तिकरण का रास्ता दिखाया और भारत को विश्व का सबसे बड़ा दूध उत्पादक देश बनाने में निर्णायक भूमिका निभाई।

राष्ट्रीय दुग्ध दिवस के तहत आयोजित सहकार जागृतता कार्यक्रम में गाँवों से आए दुग्ध उत्पादकों, महिलाओं और युवाओं ने सहकारी दुग्ध व्यवसाय के महत्व को समझा। कार्यक्रम का उद्देश्य डॉ. कुरियन के ‘दुग्ध उत्पादक ही मालिक’ के दर्शन को जन-जन तक पहुँचाना था।

वक्ताओं ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सहकार से समृद्धि” के मंत्र और गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में देश में सहकारिता आंदोलन एक नए युग में प्रवेश कर चुका है। इसी सोच से प्रेरित होकर सरदार पटेल सहकारी डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (SPCDF) की स्थापना की गई है, जिसका उद्देश्य किसानों को संग्रहण, प्रसंस्करण और विपणन तक एक पारदर्शी और लाभकारी सहकारी ढाँचे से जोड़ना है।

वर्तमान में SPCDF देश के 20 राज्यों में सक्रिय है तथा गाँव-गाँव में ग्राम दुग्ध सहकारी समितियों के गठन को बढ़ावा दे रहा है। संस्थान का संचालन भी त्रिस्तरीय अमूल सहकारी मॉडल पर आधारित है, जहाँ सभी निर्णय दुग्ध उत्पादक-केन्द्रित और लोकतांत्रिक सिद्धांतों पर लिए जाते हैं।

कार्यक्रम में उपस्थित दुग्ध उत्पादकों ने संकल्प लिया कि वे अपने गाँवों में ग्राम दुग्ध सहकारी समितियों का गठन कर उन्हें SPCDF से संबद्ध करेंगे। इससे उन्हें अमूल मॉडल के अंतर्गत मिलने वाली सुविधाएँ—दूध का पारदर्शी मूल्य, चारा-पोषण सहायता, पशु स्वास्थ्य सेवाएँ, प्रशिक्षण, वित्तीय-तकनीकी सहयोग आदि—निरंतर मिल सकेगा।

समारोह के अंत में सभी दुग्ध उत्पादकों ने यह संकल्प दोहराया कि वे सहकारिता की शक्ति से अपने गाँवों में आर्थिक समृद्धि लाएँगे तथा डॉ. वर्गीस कुरियन के सहकारिता और तकनीक आधारित डेयरी विकास के सपने को साकार करेंगे।

आपको यह खबर कैसी लगी? शेयर करें

अपने दोस्तों और परिवार के साथ साझा करें

ख़बरें और भी हैं...

लाइव टीवी

ताज़ा ख़बरें

वीवीआईपी कार्यक्रम की तैयारियों के दृष्टिगत BLW स्थित कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण करते जिलाधिकारी व पुलिस कमिश्नर

चर्चा मे

नारी वंदन बिल पर राजनीति तेज: Smriti Irani का विपक्ष पर हमला, Akhilesh Yadav को दी चुनौती

चर्चा मे

सीबीएसई 10वीं में सेंट अल हनीफ व एस.ए.एच. एजुकेशनल सेंटर का दबदबा, शत-प्रतिशत रहा परिणाम

चर्चा मे

पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर और बाबू प्रसिद्ध नारायण सिंह की जयंती पर भव्य समारोह, 51 विभूतियां सम्मानित

चर्चा मे

मनरेगा भुगतान में लंबित करोड़ों रुपये को लेकर प्रधानों में तीव्र आक्रोश, तत्काल भुगतान की सशक्त मांग

चर्चा मे

विधानसभा पिंडरा के ग्राम सभा दीनापुर में गोष्ठी का आयोजन किया गया।

चर्चा मे