विमुक्त DNT मुसहर,नट समुदाय ने भूमि व घरौनी के लिए सौंपे सामूहिक आवेदन,
प्रशासन के आश्वासनों से असंतुष्ट संगठन
वाराणसी।राजातालाब तहसील में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में विमुक्त एवं अर्द्ध-घुमन्तू (DNT) मुसहर समुदाय के लगभग 70 से 80 परिवारों ने भूमि आवंटन, घरौनी प्रमाण पत्र एवं आवासीय पट्टा प्रदान किए जाने की मांग को लेकर सामूहिक आवेदन प्रस्तुत किए। जिसमें ग्राम खालिसपुर, शिवरामपुर एवं जोगापुर (मुसहर बस्ती), तहसील राजातालाब के निवासियों ने क्रमांक 1248, 1249, 1251, 1266, 1267, 1290 आदि पर अपने आवेदन दर्ज कराए।
आवेदकों में धरमानी, उमा देवी, लालमानी, पूजा, किरन, प्रेमा देवी, कांचन, उर्मिला, नगीना, रमावती सहित अनेक परिवारों के सदस्य शामिल थे। सभी आवेदकों ने अधिकारियों को सौंपे पत्रों में कहा कि उनका समुदाय दशकों से भूमिहीन अवस्था में जीवनयापन कर रहा है तथा उनके पास न स्थायी आवास है और न ही कोई भूमि-अधिकार प्रपत्र। इस कारण वे प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड, आधार कार्ड एवं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में असमर्थ हैं।
अधिकारियों द्वारा आश्वासन दिया गया कि इन मुद्दों पर कार्रवाई की जाएगी। परंतु
नट समुदाय संघर्ष समिति के संयोजक प्रेम नट ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा पिंडरा और राजातालाब तहसील में समुदाय अपनी मांगों के साथ बार-बार उपस्थित होता है, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस जवाब नहीं मिल रहा। हजारों आवेदन दिए जा चुके हैं, किंतु आज तक एक भी पात्र परिवार को न घरौनी मिली है और न ही भूमि का आवंटन या आवासीय पट्टा।
संगठन की प्रमुख मांगें:
सभी पात्र परिवारों को घरौनी प्रमाण पत्र तत्काल प्रदान किया जाए।
भूमिहीन परिवारों को कृषि एवं आवासीय उपयोग हेतु भूमि आवंटन किया जाए।
शासन की नीति के अनुसार आवासीय पट्टा शीघ्र दिया जाए, ताकि समुदाय समाज की मुख्यधारा से जुड़ सके और सम्मानपूर्ण जीवन व्यतीत कर सके।
संगठन ने चेताया है कि यदि शीघ्र ठोस कार्रवाई नहीं हुआ तो माननीय जिलाधिकारी महोदय के समक्ष उपस्थित होकर अपनी मांगों को रखेंगे।