जिलाधिकारी ने अधिकारियों व कर्मचारियों को लगाई फटकार
तहसील दिवस पर 121 मामले आये
पिंडरा।
जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने पिंडरा तहसील दिवस पर राजस्व विभाग से अधिक शिकायती पत्र आने पर राजस्व विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को फटकार लगाई। कहाकि निष्पक्षता व पारदर्शिता के साथ निस्तारण करें, जिससे फरियादी सन्तुष्ट हो सके। इस दौरान कई अधिकारियों व कर्मचारियों को फटकार लगाने के साथ चेतावनी दी। इस दौरान कुल 121 मामले आये, जिसमे मौके पर 7 मामलो का निस्तारण हो पाया।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान गड़खड़ा निवासी महेश सिंह ने वाराणसी और जौनपुर जनपद सीमा पर आराजी न0 1478 गड़खड़ा ग्राम सभा मे स्थित है जिसपर चकरोड बनाया जाना है लेकिन जौनपुर जनपद के लोग अपनी जमीन बता कर रोक रहे है। जिसका सीमांकन कराया जाना जनहित को देखते हुए जरूरी है। जिसपर नायब तहसीलदार को सीमांकन करने का निर्देश दिया।
डीएम के समक्ष सन 2023 से लगातार थानारामपुर स्थित पेयजल निगम की अव्यवस्था के खिलाफ शिकायती पत्र देते हुए थाना गांव निवासी अवनीश पांडेय ने आरोप लगाया कि गांव में खारा पानी को देखते हुए पेयजल नलकूप स्थापित किये गए लेकिन अधिकारियों की अदूरदर्शिता के चलते कभी पानी सही ढंग से नही मिल पाया और न ही टेल तक पानी पहुच पाया। यही नही उसके जगह दो वर्ष पूर्व नया नलकूप बोरिग कर लगाया गया लेकिन आज तक सफाई कार्य तक न होने से आपूर्ति नही हो पाई। जिससे भीषण गर्मी में शुद्ध पेयजल के लिए हजारो की आबादी परेशान है। जिसपर डीएम एक्सईन जलनिगम को फटकार लगाई और अबिलम्ब उक्त नलकूप चालू करने का निर्देश दिया।
वही मॉनी निवासी अंजनी पांडेय ने आरोप लगाया कि उनका घर पर स्मार्ट मीटर लगने से पहले 300 से 400 रुपये बिल आता था। फरवरी 26 में जब स्मार्ट मीटर लगा तब से 2हजार बिल आने लगा। जिसकी शिकायत बिजली विभाग के अधिकारियों से की लेकिन कोई कार्रवाई नही उल्टे विद्युत आपूर्ति काट दी गई। जिसपर डीएम ने एसडीओ को फटकार लगाई और मौके से ही जांच कर बिल दुरुस्त करने का निर्देश दिए। देवराई के श्रीनाथ पाल ने शिकायत दर्ज कराई कि गांव का कोटा फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर दूसरे जाति के व्यक्ति को दे दिया गया है। तीन बार शिकायत के बाद कोई कार्रवाई नही हुई, अब कितनी बार शिकायत करें कि कार्रवाई होगी? जिसपर फरियादी को न्याय का आश्वासन देते हुए डीएसओ और एसडीएम पिंडरा को संयुक्त रूप से जांच कर कार्रवाई करने का निर्देश दिए।
इसके अलावा बरजी निवासी धर्मराज यादव ने गांव के मनबढ़ द्वारा सार्वजनिक रास्ते पर चाहरदीवारी खड़ा कर दिया , वही महँगाव निवासी प्रभात कुमार सिंह ने बांट फाट के आदेश के 3 वर्ष बाद भी क्षेत्रीय लेखपाल व कानूनगो द्वारा मेड़बन्दी न करने की शिकायत की। जिसपर तुरन्त कार्रवाई का निर्देश देते हुए फटकार लगाई।
डीएम के समक्ष ज्यादातर मामले राजस्व विभाग से रहे, जिसपर राजस्व विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को फटकार लगाई और न्याय पूर्ण ढंग से कार्य करने की नसीहत दी।
इस दौरान एसडीएम पिंडरा प्रतिभा मिश्रा, नायब तहसीलदार राधेश्याम यादव, प्राची केसरवानी, मनोज सिंह , बिजली, जलनिगम, शिक्षा, पुलिस, आपूर्ति व विकास विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।